Current Affairs
Hindi
Share

इंटेल इंडिया ने ' डिजिटल इंडिया "का समर्थन करने के लिए नई पहल की

इंटेल इंडिया ने डिजिटल इंडिया कार्यक्रम को बल देने के लिए तीन नए नवाचार कार्यक्रमों की घोषणा की। 

•    कंपनी ने तीन परियोजनाएं लॉन्च की, जो ग्रामीण इलाकों में जमीनी स्तर पर डिजिटल साक्षरता बढ़ाने के लिए डिजाइन किए गए हैं और दूसरी श्रेणी तथा अन्य छोटे शहरों में नागरिकों का कौशल बढ़ाएंगे और स्थानीय स्तर पर नवाचार को बढ़ावा देंगे।
•    इंटेल कारपोरेशन के एशिया प्रशांत एवं जापान के लिए महाप्रबंधक रॉबी स्विनेन ने कहा, “हम डिजिटल इंडिया जैसे विभिन्न अभियानों में सरकार के साथ अपने सहयोग के द्वारा हुई प्रगति से उत्साहित हैं। 
•    इसके द्वारा प्रौद्योगिकी एवं रचनात्मकता भारत की मुख्य धारा में समाविष्ट हो रही है।”
•    अपने ‘एक कदम उन्नति की ओर’ अभियान को आगे बढ़ाते हुए इंटेल इंडिया ने हरियाणा में पहली बार करनाल में अपना नया उन्नति केंद्र एट कॉमन सर्विस सेंटर (यूके एट सीएससी) ई-लांच किया। 
•    यूके एट सीएससी राज्य के लोगों के लिए साझा डिजिटल लर्निग सेंटर के रूप में काम करेगा।
•    इंटेल इंडिया सरकार के साथ काम करते हुए इस साल 10 राज्यों में 100 यूके एट सीएससी सुविधाओं का नेटवर्क विकसित करने का प्रयास कर रहा है। 
•    इस तरह की 10 सुविधाएं तेलंगाना में पहले से ही कार्यशील हैं।
•    इंटेल इंडिया ने ‘डिजिटल उन्नति’ वेबसाइट की घोषणा भी की, जो सीएससी ई-गवर्नेस सर्विसेस इंडिया लिमिटेड के सहयोग से स्थापित की जाएंगी। 
•    इससे ग्राम स्तर के उद्यमी ऑनलाइन माध्यम से यह सीख सकेंगे कि एक पर्सनल कंप्यूटर को कैसे असेंबल किया जाए एवं इससे उनका प्रौद्योगिकी ज्ञान भी बढ़ेगा।

Read More
Read Less
Share

आंध्र प्रदेश में लागू होगी 'ई-ऑफिस' प्रणाली

आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने बुधवार को बताया कि राज्य के प्रत्येक ज़िले में 'ई-ऑफिस' प्रणाली लागू की जाएगी। 
•    इसकी शुरूआत जून में 13 ज़िलों से होगी और जुलाई से इसे पूरी तरह लागू कर दिया जाएगा। 
•    इसके लिए 2,23,582 फाइलों को स्कैन किया जा चुका है और शेष करीब 2 लाख फाइलों का डिजिटलीकरण जल्द हो जाएगा।
•    इससे पहले मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने भी सरकारी कार्यालयों में ई-ऑफिस प्रणाली स्थापित करने के निर्देश दिये थे .
•    उन्होंने विकास और ई-गवर्नेंस परियोजनाओं की बढ़ती संख्या को देखते हुये प्रोजेक्ट मॉनिटरिंग ग्रुप गठित करने और परियोजना प्रबंधन एवं आकल्पन में अधिकारियों को प्रशिक्षित करने के भी निर्देश दिये थे 
•    आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री ने सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र में शासकीय अधिकारियों-कर्मचारियों के क्षमता विकास के लिये क्षमता विकास केन्द्रों की संख्या बढ़ाने के निर्देश देते हुये कहा कि इस संबंध में भारत सरकार को प्रस्ताव भेजें। 

Read More
Read Less
Share

बसों में पैनिक बटन और कैमरा अनिवार्य

केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने कहा कि सार्वजनिक परिवहन सेवाओं की बसों में पैनिक बटन, सीसीटीवी कैमरा और वाहनों का पता लगाने वाला उपकरण लगाना अनिवार्य होगा ताकि महिला यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। 
•    सरकार इन मापदंडों के बारे में अधिसूचना दो जून को जारी करेगी। 
•    निर्भया की दुर्भाग्यपूर्ण घटना के बाद महिला सुरक्षा सुनिश्चित करने के वास्ते निर्णय किया गया है कि सभी सार्वजनिक परिवहन बसों में आपातकालीन पैनिक बटन, सीसीटीवी कैमरा और जीपीएस समर्थित उपकरण लगाना अनिवार्य होगा। 
•    केंद्रीय मंत्री ने एक पायलट परियोजना का शुभारंभ किया जिसके तहत राजस्थान राज्य सड़क परिवहन निगम ऐसी 10 लक्जरी बसें और 10 सामान्य बसों का परिचालन करेगी जिसमें आपात बटन और सीसीटीवी कैमरा लगे हैं।
•    गडकरी ने कहा कि पूरे देश में सभी सार्वजनिक परिवहन बसों में ऐसे उपकरण लगाने के संबंध में एक अधिसूचना दो मई को जारी होगी। 
•    निर्माण के स्तर पर ही बसों में पैनिक बटन, सीसीटीवी कैमरा एवं अन्य उपकरण लगाने की बात की जा रही हैं।

Read More
Read Less
Share

गुजरात में स्मार्ट विलेज योजना

मुख्यमंत्री आनंदीबेन पटेल ने गुजरात के गांवों को स्वावलंबी, स्वच्छ, स्वस्थ एवं आधुनिक सुविधाओं से लैस बनाकर शहरी सुविधाएं गांव में मुहैया कराने के सम्यक विकास ध्येय के साथ स्मार्ट विलेज योजना का राज्य में शुभारंभ किया। 
•    आनंदीबेन ने 185 करोड़ रुपए के प्रावधान के साथ सर्वांगीण ग्राम विकास के संकल्प को साकार करने के लिए यह योजना साढ़े छह करोड़ गुजरातियों के चरणों में समर्पित की है। 
•    "ग्राम विकास से सुराज्य" की संकल्पना के पितामह राष्ट्रपिता महात्मा गांधी जी की स्मृति समान महात्मा मंदिर में मुख्मयंत्री ने स्मार्ट विलेज योजना का शुभारंभ किया। 
•    इसके साथ ही स्वच्छता को प्रोत्साहित करने वाले जिन गांवों ने सौ फीसदी शौचालय निर्माण किया है, ऐसे गांवों के सरपंचों का उन्होंने प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मान किया। 
•    इस योजना के तहत पहले वर्ष 300 गांवों को स्मार्ट बनाने की राज्य सरकार की मंशा है। 
•    योजना में चयन के मानदंडों का विवरण पेश करते हुए उन्होंने कहा कि सौ फीसदी टीकाकरण, शून्य फीसदी ड्रॉप आउट अनुपात, करीब 10 फीसदी कर वसूली, सौ फीसदी शौचालय तथा स्वास्थ्य, शिक्षा, पानी एवं आंगनबाड़ी की स्थिति जैसे अनेक पहलुओं को इस योजना में शामिल किया गया है।

Read More
Read Less
Share

13 शहर स्‍मार्ट सिटी प्रोजेक्‍ट में शामिल

केंद्रीय शहरी विकास मंत्री वेंकैया नायडू ने स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट की दौड़ शामिल नए शहरों का ऐलान किया। 
•    नए शहरों में लखनऊ, भागलपुर और फरीदाबाद को चुना गया है। इस लिस्ट में लखनऊ की रैंकिग टॉप पर रही। 
•    इस लिस्ट के जारी होने से पहले ये सभी शहर इस दौड़ में खराब रैकिंग के चलते पिछड़ गए थे। बाद में मंत्रालय ने इन्हें अपनी रैंक सुधारने का मौका दिया था। 
•    शहरी विकास मंत्रालय के मुताबिक फास्ट ट्रैक प्रतियोगिता में हिस्सा लेने वाले शहरों के बीच यह मुकाबला अप्रैल में शुरू किया गया था। 
•    इसके तहत देश के 23 शहरों ने नए सिरे से अपनी दावेदारी पेश की थी। 
•    नायडू द्वारा जारी किए गए 23 शहरों में से 15 शहर ऐसे हैं, जो विभिन्न राज्यों की राजधानी हैं। 
•    केंद्र सरकार की ओर से देश के 100 शहरों को स्मार्ट सिटी बनाने की घोषणा की थी। 
•    इस योजना के तहत दूसरे चरण में 23 शहरों की दावेदारी में से 13 के नामों का ऐलान कर दिया गया। 
•    स्मार्ट सिटी के लिए चुने गए हर शहर को पहले साल 200 और उसके बाद चार साल के लिए हर साल 100 करोड़ रुपए मिलेंगे। 
•    इस प्रोजेक्ट पर केंद्र सरकार आगामी पांच साल में 48 हजार करोड़ रुपए खर्च करेगी। इस धनराशि में कुछ खर्च राज्य सरकारों को भी करना होगा। 
•    13 फास्ट ट्रैक स्मार्ट शहरों की लिस्ट (1) लखनऊ (2) वरांगल (3) धर्मशाला (4) चण्डीगढ़ (5) नया रायपुर (6) न्यू टाउन कोलकाता (7) भागलपुर (8) पणजी (9) पोर्ट ब्लेयर (10) इंफाल (11) रांची (12) अगरतला (13) फरीदाबाद 

Read More
Read Less
Share

ओडिशा अनाथ छात्रों के लिए ग्रीन पैसेज स्कीम लांच होगी

17 मई 2016 को ओडिशा सरकार ने अनाथ छात्रों के लिए ग्रीन पैसेज योजना शुरू करने का निर्णय लिया।
•    इससे अनाथ छात्रों को राज्य में ही उच्च शिक्षा नि:शुल्क प्राप्त हो पाएगी.
•    मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने भी योजना को हरी झंडी दे दी  है, ये उच्च शिक्षा विभाग के अधीन कार्य करेगा .
•    12वीं कक्षा से लेकर पोस्ट - ग्रेजुएशन स्तर की पढ़ाई तक अब ऐसे बच्चों को कोई फीस नहीं देनी होगी ।
•    राज्य में 16,382 अनाथ बच्चे 272 संस्थानों में बिना ट्यूशन फीस, या किसी भी तरह से पैसे दिए बगैर एडमिशन ले सकेगा ।
•    उन्हें मुफ्त छात्रावास की सुविधा और भोजन उपलब्ध कराया जाएगा।
•    राज्य सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि अनाथ छात्रों से  किसी भी रूप में चार्ज नहीं किया जाए फॉर वो सरकारी , निजी, सरकारी सहायता प्राप्त कॉलेज और विश्वविद्यालय ही क्यों न हों ।
•    राज्य सरकार अनाथ छात्रों के सभी खर्च वहन करेंगे ।

Read More
Read Less
Share

श्री नितिन गडकरी ने इंफ्राकॉन, ई-पेस और उन्नमत इनमप्रो की शुरूआत की

सड़क यातायात एवं राजमार्ग तथा नौवहन मंत्री श्री नितिन गडकरी ने हितधारकों का आह्वान किया है कि वे सड़क निर्माण के लिए नवाचारों का बेहतर इस्ते माल करें और दुनियाभर में प्रचलित मानकों का पालन करें। 
•    मंत्रालय ने प्रक्रिया को दुरुस्त‍ करने के लिए कई नीतिगत बदलाव किये हैं और सड़क निर्माण को आसान बनाने के लिए भूमि अधिग्रहण, पर्यावरण क्लीारियंस तथा कोष की कमी जैसी समस्याहओं को हल किया है। 
•    उपग्रह आधारित सड़क परिसंपत्ति प्रबंधन प्रणाली, सड़क निर्माण के लिए कंक्रीट का इस्तेपमाल, इलेक्ट्रो निक टॉल संग्रह, इनमप्रो जैसे प्रौद्योगिकीय कदम भी उठाए हैं। 
•    इनका उद्देश्यक सड़क निर्माण में तेजी लाना और पूरी प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी तथा प्रभावशाली बनाना है। 
•    श्री गडकरी ने ई-पेस, इंफ्राकॉन और उन्नपत इनमप्रो जैसी सूचना प्रौद्योगिकी पहलों की शुरूआत भी की। 
•    सड़क यातायात एवं राजमार्ग मंत्रालय की इन पहलों को एनएचआईडीसीएल ने विकसित किया है।
•    ई-पेस – इसका लक्ष्यक परियोजनाओं को उन्ननत करना और उनमें लगातार विकास करना है। यह एक ऑनलाइन एकीकृत प्रबंधन सूचना प्रणाली है, जो मंत्रालय की विभिन्न् परियोजनाओं को एक साझा मंच पर एकत्र करती है और उनकी प्रगति की निगरानी करती है। 
•    इंफ्राकॉन – यह संरचना संबंधी परामर्शदाता और प्रमुख कार्मिकों का राष्ट्री य पोर्टल है। यह पोर्टल सड़क इंजीनियरिंग और निर्माण क्षेत्र में संलग्नय परामर्शदाता तथा प्रमुख कार्मिकों के बीच पुल का काम करता है। 
•    इनमप्रो – यह एक वेब आधारित एप्लिकेशन है, जो संरचना तथा सामग्री प्रदाताओं के लिए काम करता है। यह एक वेब आधारित बाजार है, जहां निर्माण सामग्री उपलब्ध  कराने वाले और उनके खरीदार एक ही स्थाान पर सुविधा प्राप्त  कर सकते हैं। 
•    इनमप्रो की सफलता से प्रेरित होकर इस प्लेुफॉर्म पर इस्पानत जैसी अन्य् निर्माण सामग्रियों को भी सूचीबद्ध किया गया है। इस तरह यह एक समेकित ई-बाजार के रूप में विकसित हो चुका है। 

Read More
Read Less
Share

इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी विभाग - पहली सामाजिक सुरक्षा मंच

भारत का पहला राष्ट्रीय सामाजिक सुरक्षा मंच इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी (डीईआईटीवाई) विभाग है द्वारा विकसित किया जाएगा।

•    ये फैसला प्रधानमन्त्री मोदी के दखल देने के बाद लिया गया 

•    अधिकारियों ने बताया कि प्रधानमंत्री कार्यालय श्रम, वित्त, और संचार के मंत्रालयों में सामाजिक सुरक्षा लाभ के वितरण के लिए एक बैकबोन की स्थापना करनी ही चाहिए .
•    इस मामले में हालाँकि अभी तक आम सहमती नहीं बन पायी है 
•    वित्त मंत्री अरुण जेटली ने अपने बजट भाषण में कहा था कि सरकार मौद्रिक लाभ सौंपने के लिए एक राष्ट्रीय सामाजिक सुरक्षा मंच का विकास करेगी ।

•    इसके बाद,मंत्रालय में आवेदक को प्रमाण पात्र आदि लेने के लिए लाइन में लगना नहीं पडेगा .
•    इससे लाभ सीधा सीधा जनता को मिलना आसान हो जाएगा साथ ही इससे बिचौलियों पर काबू पाना आसान हो जाएगा .
•    इससे अलग अलग राज्यों में चल रहे योजनाओं का भी अंदाजा लगाया जा सकता है .

Read More
Read Less
Share

प्रधानमंत्री द्वारा बलिया में राष्ट्रीय उज्जवला योजना का आरंभ

1 मई 2016 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उत्तर प्रदेश स्थित बलिया से प्रधानमंत्री उज्जवला योजना (पीएमयूवाई) का आरंभ किया गया.
•    इस योजना का उद्देश्य अगले तीन वर्षों में गरीबी रेखा से नीचे रहने वाले पांच करोड़ लोगों को एलपीजी गैस कनेक्शन प्रदान करना है.
•    पीएम उज्ज्वला योजना के अंतर्गत 5 करोड़ बीपीएल परिवारों को एलपीजी कनेक्शन दिए जायेंगे.
•    वित्त मंत्री ने 2016-17 के बजट भाषण में 2000 करोड़ रुपये की बजट राशि की घोषणा के साथ इस योजना की जानकारी दी थी.
•    एलपीजी कनेक्शन देश के शहरी एवं अर्द्ध शहरी क्षेत्रों में अधिकता से मौजूद है जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में बहुत कम संख्या में लोगों के पास यह कनेक्शन मौजूद हैं.
डब्ल्यूएचओ के अनुसार, प्रत्येक वर्ष पांच लाख लोग हृदयरोग एवं श्वास समस्याओं के कारण मारे जाते हैं.
•    घरेलू वायु प्रदूषण के कारण युवाओं में श्वास संबंधी समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं.
पांच करोड़ एलपीजी कनेक्शन देने के लिए बीपीएल परिवारों को 1600 रुपये की सहायता राशि दी जाएगी.
•    महिला लाभार्थियों को यह कनेक्शन दिए जायेंगे.
•    बीपीएल परिवारों की पहचान राज्य सरकारों और संघ शासित प्रदेशों के परामर्श से की एगी.

Read More
Read Less
Share

खाद्य सुरक्षा के लिए नाबार्ड ने जर्मनी के साथ समझौता किया

अप्रैल 2016 में कृषि और ग्रामीण विकास बैंक (नाबार्ड) के राष्ट्रीय बैंक 'मृदा संरक्षण और खाद्य सुरक्षा के लिए पुनर्वास' पर एक विशेष कार्यक्रम के लिए जर्मन सरकार के साथ सहयोग किया है।
•    जर्मन सरकार की विशेष पहल 'वन वर्ल्ड, नो हंगर' पहल का हिस्सा है।
•    भारत एशिया में एकमात्र देश है जो इस  पहल का हिस्सा है 
•    जर्मनी की  'वन वर्ल्ड, नो हंगर'  खाद्य और पोषण सुरक्षा, नवाचार को बढ़ावा देने, संरक्षण और प्राकृतिक संसाधनों के सतत उपयोग पर ध्यान केंद्रित के रूप में तो ग्रामीण क्षेत्रों और जिम्मेदार भूमि के उपयोग और भूमि के लिए उपयोग को बढ़ावा देने में स्थिर आजीविका बनाने के लिए है 
•    इस शुरुवात का स्वागत दुनिया के कई देशों ने खुलकर की है
•    राष्ट्रीय कृषि और ग्रामीण विकास बैंक (नाबार्ड) मुम्बई, महाराष्ट्र अवस्थित भारत का एक शीर्ष बैंक है।
•    इसे "कृषि ऋण से जुड़े क्षेत्रों में, योजना और परिचालन के नीतिगत मामलों में तथा भारत के ग्रामीण अंचल की अन्य आर्थिक गतिविधियों के लिए मान्यता प्रदान की गयी है।

Read More
Read Less

All Rights Reserved Top Rankers